जन्मदिन की रात अभिषेक बनर्जी के घर के बाहर हंगामा! टीएमसी-बीजेपी झड़प से तनाव, सांसद की पुलिस से तकरार
कोलकाता: तृणमूल कांग्रेस के अखिल भारतीय महासचिव और डायमंड हार्बर के सांसद अभिषेक बनर्जी के कालीघाट स्थित घर के सामने का इलाका जन्मदिन की रात राजनीतिक संघर्ष से गरमा गया। टीएमसी और बीजेपी कार्यकर्ताओं-समर्थकों के बीच नारेबाज़ी, जवाबी नारे, कहासुनी और धक्का-मुक्की से तीव्र तनाव फैल गया। घटना में दोनों पक्षों के कई लोगों के घायल होने का दावा किया गया है।
शनिवार को आधी रात के बाद अभिषेक बनर्जी के जन्मदिन के अवसर पर उनके कालीघाट स्थित घर के सामने बड़ी संख्या में टीएमसी कार्यकर्ता और समर्थक जमा हुए थे। आरोप है कि करीब दो बजे बीजेपी कार्यकर्ताओं और समर्थकों का एक दल वहां पहुंचा और 'चोर चोर' के नारे लगाने लगा। यह भी आरोप है कि अभिषेक के कटआउट, तस्वीरें और बैनर तोड़-फोड़ कर फाड़ दिए गए। इस घटना को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले कहासुनी और बाद में हाथापाई शुरू हो गई। टीएमसी के कई कार्यकर्ता और समर्थक घायल हुए।
स्थिति संभालने के लिए पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। अधिकारियों ने दोनों पक्षों को अलग कर हालात काबू में लाने की कोशिश की। फिर भी तनाव पूरी तरह शांत नहीं हुआ। आरोप है कि इसके बाद अभिषेक बनर्जी के घर के सामने बीजेपी कार्यकर्ता और समर्थक फिर जमा हो गए। 'गाय चोर' और 'मछली चोर' के नारे लगने लगे। जवाब में अभिषेक के समर्थकों ने भी उनके नाम के नारे लगाए।
एक ओर बीजेपी कार्यकर्datas के हाथों में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की तस्वीर वाले बैनर थे, तो दूसरी ओर टीएमसी समर्थकों के हाथों में अभिषेक बनर्जी की तस्वीरें और कटआउट दिखे। पुलिस की मौजूदगी में ही नारेबाज़ी और जवाबी नारे चलते रहे। हालात लगातार बिगड़ते देख घटनास्थल पर और पुलिस बल तथा रैपिड एक्शन फोर्स तैनात किया गया।
इस घटना पर अभिषेक बनर्जी ने गहरा रोष जताया। रात की घटना के बाद वे घर से बाहर निकल आए। रात दो बजे से सुबह तक वे कार्यकर्ताओं और समर्थकों के साथ घर के सामने बैठे दिखे। पुलिस ने उनसे घर के अंदर जाने का अनुरोध किया, तो सांसद पुलिस से तीखी कहासुनी में उलझ गए। उन्होंने पुलिस की भूमिका पर भी नाराज़गी जताई।
दूसरी ओर बीजेपी कार्यकर्ताओं और समर्थकों का जवाबी दावा है कि जब वे काली पूजा की प्रतिमा लेकर आ रहे थे, तब टीएमसी कार्यकर्ताओं ने उन्हें निशाना बनाकर नारे लगाने शुरू किए। इसी से पहले कहासुनी और फिर हाथापाई की स्थिति बनी। इस घटना में बीजेपी और टीएमसी, दोनों पक्षों के कई लोगों के घायल होने का दावा किया गया है।
अभिषेक बनर्जी के जन्मदिन की रात उनके घर के सामने हुए इस संघर्ष से कोलकाता में फिर से राजनीतिक तनाव फैल गया है। पुलिस घटना के वास्तविक कारण और इसमें शामिल लोगों की जांच कर रही है।